ऋषिकेश क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़, सुरक्षित एवं आधुनिक बनाने की दिशा में मंगलवार को एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। वीरभद्र मार्ग पर विद्युत विभाग द्वारा आर.डी.एस.एस. (Revamped Distribution Sector Scheme) के अंतर्गत विद्युत लाइनों को भूमिगत करने की महत्वाकांक्षी योजना का विधिवत शुभारंभ हुआ। नगर निगम ऋषिकेश के महापौर श्री शंभू पासवान जी ने विभागीय अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं कार्यकर्ताओं की गरिमामयी उपस्थिति में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विधिवत भूमि पूजन कर कार्य का शुभारंभ किया।
लगभग 357 करोड़ रुपये की लागत वाली इस वृहद परियोजना के अंतर्गत ऋषिकेश के कोयल घाटी में एक नया विद्युत सब-स्टेशन स्थापित किया जाएगा। इसके साथ ही पूरे क्षेत्र में 33 केवी की 48 किलोमीटर, 11 केवी की 103 किलोमीटर तथा एल.टी. लाइन की 111 किलोमीटर विद्युत तारों को पूरी तरह भूमिगत किया जाएगा।

इस अवसर पर महापौर श्री शंभू पासवान जी ने कहा कि विद्युत लाइनों के भूमिगत होने से ऋषिकेश शहर को लंबे समय से लटके बिजली के तारों के मकड़जाल से मुक्ति मिलेगी, जिससे तीर्थनगरी के स्वरूप और सुंदरता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। साथ ही शहरवासियों एवं देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को निर्बाध व सुचारु विद्युत आपूर्ति का लाभ मिलेगा।
महापौर शंभू पासवान ने नगर क्षेत्र के लिए इस योजना को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि भूमिगत विद्युत प्रणाली लागू होने से आए दिन होने वाली विद्युत दुर्घटनाओं की आशंका समाप्त होगी और फॉल्ट व बिजली चोरी पर भी प्रभावी अंकुश लगेगा। उन्होंने कहा कि ऋषिकेश को सुरक्षित, आधुनिक और व्यवस्थित नगर के रूप में विकसित करने की दिशा में नगर निगम निरंतर प्रयासरत है और यह परियोजना उस दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगी। जनप्रतिनिधियों ने इस महत्वपूर्ण योजना की स्वीकृति के लिए केंद्र की मोदी सरकार एवं प्रदेश की धामी सरकार का हृदय से आभार जताया।
कार्यक्रम में अधिशासी अभियंता अमित सक्सेना, उपखंड अधिकारी गुरदीप सिंह, अपर अभियंता श्याम सुंदर, ऋषिकेश मंडल अध्यक्ष मनोज ध्यानी, वीरभद्र मंडल अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह, पार्षद हर्षवर्धन रावत, पार्षद वीरेंद्र रमोला, जगदंबा रतूड़ी, दिनेश पयाल, पूनम बहुगुणा, सुमन रावत, ममता रतूड़ी, गोविंद रावत, दीपक बिष्ट, पिंकी धस्माना, राहुल कश्यप, नितिन गुप्ता, पूजा गौड़, अखिलेश मित्तल सहित बड़ी संख्या में पार्षदगण, पार्टी पदाधिकारी, स्थानीय नागरिक एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।




