महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर क्षेत्र के विभिन्न मंदिरों में भक्तों की भारी भीड़ देखने को मिली। विशेष रूप से बेरी पड़ाव स्थित महालक्ष्मी मंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। हजारों की संख्या में पहुंचे भक्तों ने भगवान शिव के शिवलिंग पर जल एवं दूध चढ़ाकर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की।
मंदिर परिसर ‘हर-हर महादेव’ और ‘बम-बम भोले’ के जयघोष से गूंज उठा। भक्तजन लंबी कतारों में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार करते नजर आए। प्रशासन एवं मंदिर समिति की ओर से भीड़ को नियंत्रित करने और व्यवस्थाओं को सुचारु बनाए रखने के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे।
इस अवसर पर मंदिर के महामंडलेश्वर स्वामी परेशयती जी महाराज ने विशेष पूजा-अर्चना कर क्षेत्र एवं समस्त समाज के स्वस्थ और सुखमय जीवन की कामना की। उन्होंने अपने आशीर्वचन में कहा कि महाशिवरात्रि का पर्व आत्मशुद्धि, भक्ति और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक है। भगवान शिव की कृपा से सभी के जीवन में शांति और समृद्धि बनी रहे।
मंदिर में दर्शन के लिए आए श्रद्धालुओं में महिलाओं, बुजुर्गों और युवाओं के साथ-साथ बच्चों की भी बड़ी संख्या रही। इसी दौरान स्वामी परेशयती जी महाराज ने एक नन्ही बालिका को आशीर्वाद देते हुए उसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की, जिसका दृश्य श्रद्धालुओं के बीच विशेष आकर्षण का केंद्र बना रहा।

पूरे दिन मंदिर परिसर में भक्ति का माहौल बना रहा और भक्तों ने श्रद्धा एवं उत्साह के साथ महाशिवरात्रि का पर्व मनाया।





